आगामी श्री नन्दा देवी राजजात के सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर शुक्रवार को जिला सभागार गोपेश्वर में मुख्य विकास अधिकारी डॉ.अभिषेक त्रिपाठी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में यात्रा से जुड़े विकास एवं निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। इसमें संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ नन्दा देवी राजजात समिति के प्रतिनिधियों ने भी प्रतिभाग किया। मुख्य विकास अधिकारी डॉ.अभिषेक त्रिपाठी ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि यात्रा मार्गों एवं पड़ाव स्थलों पर सड़क स्वास्थ्य पेयजल खाद्य सामग्री पैदल मार्ग पार्किंग शौचालय संचार स्वच्छता तथा सुरक्षा सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण कर ली जाएं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने विशेष रूप से कर्णप्रयाग–नोटी–पैठाणी नन्दानगर–रामणी थराली–मुन्दोली–वाण तथा ग्वालदम–नन्दकेसरी सड़क मार्गों के साथ-साथ राजजात के सभी पैदल मार्गों के सुधारीकरण एवं मरम्मत कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए।
मुख्य विकास अधिकारी ने बताया कि यात्रा के दौरान स्थानीय लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से रीप के माध्यम से सहायता राशि उपलब्ध कराई जाएगी। इससे स्थानीय उत्पादों सेवाओं एवं व्यवस्थाओं को बढ़ावा मिलेगा तथा यात्रा के माध्यम से स्थानीय लोगों की आजीविका के अवसर भी सुदृढ़ होंगे। बैठक में नन्दा देवी राजजात से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधियों ने यात्रा की तैयारियों निर्माण कार्यों आधारभूत सुविधाओं एवं अन्य व्यवस्थाओं को लेकर अपने सुझाव एवं अपेक्षाएं रखीं। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी सुझावों पर सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन देते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नन्दा देवी राजजात उत्तराखंड की सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान से जुड़ी महत्वपूर्ण यात्रा है।





